Tag: Shayari


अजीब सी दुनिया!


*रखा करो नजदीकियां, ज़िन्दगी का कुछ भरोसा नहीं…*
*फिर मत कहना चले भी गए और बताया भी नहीं. . . !*
*बहुत ग़जब का नज़ारा है इस अजीब सी दुनिया का,*
*लोग सबकुछ बटोरने में लगे हैं खाली हाथ जाने के लिये..!*


पहले मेरा नाम तो होने दो !


अभी सूरज नहीं डूबा जरा सी शाम होने दो,
मैं खुद लौट जाऊंगा मुझे नाकाम तो होने दो,
मुझे बदनाम करने का बहाना ढूंढ़ता है जमाना,
मैं खुद हो जाऊंगा बदनाम पहले मेरा नाम तो होने दो.


आसमान जितना नीला है !


आसमान जितना नीला है,
सूरजमुखी जितना पिला है,
पानी जितना गीला है,
आपका स्क्रू उतना ही ढीला है।


दिल दो किसी एक को !


दिल दो किसी एक को,
वो भी किसी नेक को,
जब तक मिल ना जाए कोई,
ट्राई करते रहो हर एक को।


इश्क का ख्वाब !


इश्क का जिसको ख्वाब आ जाता है,
समझो उसका वक़्त खराब आ जाता है,
महबूब आये या न आये,
पर तारे गिनने का हिसाब आ जाता है।


आँखो से आँखे मिलाकर तो देखो !


आँखो से आँखे मिलाकर तो देखो,
एक बार हमारे पास आकर तो देखो,
मिलना चाहेंगे सब लोग तुमसे,
एक बार मेरे दोस्त साबुन से नहाकर तो देखो। 😛


प्रेमिका का मिसकॉल !


शायर घर मे पत्नी के साथ बैठा है,
तभी प्रेमिका का मिसकॉल आता हैं..

शायर का प्रेमिका को शायरी में जवाब:

हवा की लहरें बनके मेरी खिड़की मत खटखटा,
मैें बंद खिड़की में बवंडर संभाल के बैठा हूँ
#घरवाली-बाहरवाली 


Hansti thi hansaati thi !


Hansti thi hansaati thi,
dil ko bahut bhati thi,

dekh dekh sarmaati thi,
phir andar se muskurati thi,

aaj pata chala ke woh,
khud toh pagal thi,

mujhe bhi pagal banaati thi..


Baith ke toilet mein nawab ke jaise..


Baith ke toilet mein nawab ke jaise..
Sardi ke mausam mein sochtaa hu aise..
Baith ke toilet mein nawab ke jaise..
Sardi ke mausam mein sochtaa hu aise.
Ki kar to li hai tune beta….abb thande paani se dhoega Kaise.. 😛


जज्बात बदल जाते है।


उम्र की राह में जज्बात बदल जाते है।
वक़्त की आंधी में हालात बदल जाते है
सोचता हूं काम कर-कर के रिकॉर्ड तोड़ दूं।
कमबख्त सैलेरी देख के ख्यालात बदल जाते हैं!